कोरोना के कारण हमें क्या परिवर्तन लाने होंगे

वर्तमान में कोरोना वायरस ने पुरे विश्व में हंगामा मचा दिया है. विश्व की बड़ी से बड़ी शक्ति इसके सामने असहाय से लग रहे हैं क्योंकि इस वायरस से लड़ने के लिए कोई भी दवा या टीका की खोज नहीं हो सकी है. कोरोना के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए इससे प्रभावित देश लॉकडाउन का पालन कर रहे हैं और वर्तमान में यही इसका एकमात्र उपाय भी है कि इसे फैलने से रोका जाए. इस वायरस के कारण पूरा विश्व अभी थम सा गया है. परन्तु लॉक डाउन के कारण पूरी अर्थव्यवस्था मंद हो गई है. मजदुर वर्ग के लिए दो वक़्त की रोटी हासिल कर पाना मुश्किल हो गया है. ऐसे में लॉक डाउन को भी  अधिक समय तक लागू कर पाना संभव नहीं है और कोरोना के साथ-साथ ही व्यापार व्यवसाय को गति देनी होगी, जिसके लिए भविष्य में हमें कोरोना वायरस के कारण बहुत सारे परिवर्तन करने होंगे या यूँ कहें कि इस वायरस के कारण हमारे दैनिक जीवन में हमें बहुत कुछ परिवर्तन करना पड़ेगा. इनमे से कुछ उदाहरण नीचे प्रस्तुत है :-  

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कोरोना के कारण हमें दैनिक जीवन मे क्या परिवर्तन लाने होंगे-

हाथ मिलाने की जगह नमस्कार करना –

कोरोना वायरस से बचने के लिए हाथ मिलाने के स्थान पर  भारतीय परंपरा के अनुसार नमस्कार करने की सलाह दी जा रही है क्योंकि हाथ के संपर्क से इसके फैलने की संभावना बढ़ जाती है. क्या हम नमस्कार की परंपरा को हमेशा के लिये नहीं अपना सकते हैं क्योंकि कोरोना ही क्यों और दूसरे संक्रमण का खतरा भी तो हाथ मिलाने से हो सकता है. 

बार-बार हाथ धोना –

बार-बार हाथ धोने की आदत को हमें अपनाना ही पड़ेगा. वैसे भी हाथ धोने से साफ़- सफाई और भी बढ़ेगी और कोरोना वायरस के अलावा अन्य बिमारियों की रोकथाम में भी सहायता मिलेगी.

सामाजिक दुरी का पालन  करने की आदत डालना-

कोरोना संक्रमण को देखते हुए सामाजिक दुरी के नियम का पालन हमें लम्बे समय तक करना होगा. इसकी हमें आदत डालनी होगी. दैनिक रोजमर्रा के कार्यों के अलावा सामाजिक कार्यक्रमों में भी हमें सामाजिक दुरी के साथ रहना होगा.

अपने चेहरे, आंख, नाक और मुंह को  छूने की आदत को बदलना –

बहुत से लोगों की यह आदत होती है कि वे बार-बार अपने हाथ, अपने चेहरे पर फेरते रहते हैं और बार-बार नाक को छूने की आदत भी होती है. ऐसे लोगों को तो अपनी इस आदत को अवश्य बदलना होगा.

धन संपत्ति होने पर भी कुछ काम नहीं आना इस तथ्य को समझना –

पुरे संसार में वैज्ञानिक और शोधकर्ता कोरोना के इलाज के लिए दवा बनाने में लगे हुए हैं परन्तु अभी तक सफल नहीं हुए हैं. इस तथ्य ने हमें सीखा दिया कि हम चाहे कितने भी सम्पन्न हैं, हमारे पास कितने भी धन संपत्ति है, सही समय पर अगर काम न आ पाए तो इसका कोई मूल्य नहीं है.

नाइ का दुकान या सेलून  का बहुत ही सावधानी से उपयोग करना-

कोरोना वायरस के संक्रमण के चलते सेलून दुकानों का उपयोग बड़ी ही सावधानी से करना होगा क्योकि सेलून से कोरोना संक्रमण का खतरा बहुत ज्यादा है. अच्छा यह होगा कि सेलून में बाल कटवाते समय मास्क पहने रहें और तुरंत  अच्छी तरह से साबुन, शैम्पू और पानी में रोगाणुनाशक तेल डालकर नहाएं.

ऑनलाइन गतिविधिओं  को अपनाना –

मौजूदा संक्रमण को देखते हुए हमें भविष्य में  विभिन्न प्रकार के कार्यों के लिए ऑनलाइन माध्यम को चुनना होगा जैसे ऑनलाइन परीक्षा, ऑनलाइन मार्केटिंग, डिजिटल भुगतान इत्यादि.

शाकाहार पर अधिक ध्यान –

कोरोना से बचने के लिए हमें अपने आहार पर बहुत ध्यान देना होगा. मांसाहार को कम  करके या बहुत ही सावधानी से मांसाहार का उपयोग करना होगा. अच्छा यही है कि हम शाकाहार को अपनाये. आयुर्वेद भी शाकाहार का समर्थन करता है. शाकाहार से भी हम अपने  शरीर के लिए आवश्यक पोषक तत्वों की पूर्ति कर सकते हैं.

मास्क का नियमित उपयोग –

आने वाले दिनों में कोरोना संक्रमण को दृष्टिगत रखते हुए मास्क के उपयोग को अपने दैनिक जीवन में अनिवार्य रूप से शामिल करना होगा. सभी स्थानों पर मास्क को अनिवार्य कर देना होगा.

नोटों या दस्तावेजों को गिनने  के लिए थूक का उपयोग नहीं करना –

बहुत लोगों की यह आदत होती है कि वे नोटों को गिनने या अन्य किसी भी दस्तावेजों को पलटने के लिए ऊँगली से थूंक लगाते हैं. ऐसे लोगों को इस तरह की आदतों को बहुत ही कड़ाई से बदलना होगा.

यात्रा के लिए निर्धारित समय से पहले पहुंचना –

कोरोना के मद्देनजर आने वाले दिनों में हवाई सेवा, रेल सेवा आदि यातायात के साधनों में यात्रा के पूर्व जांच की प्रक्रिया बढ़ जायेगी. इसके लिए हमें अपने निर्धारित समय से पूर्व ही पहुंचना होगा ताकि जांच संबंधी सभी औपचारिकताएं समय से पूर्ण हो जाए.

ऑनलाइन शॉपिंग को बढ़ावा –

कोरोना वायरस के कारण बहुत से लोग ऑनलाइन शॉपिंग की और आकर्षित होंगे क्योंकि ऑनलाइन शॉपिंग में शारीरिक रूप से शॉप पर जाने की जरूरत नहीं है और ऑनलाइन मार्केटिंग में घर बैठे बहुत सारे  विकल्प देखने को मिल जाते हैं.

रूपयों को इस्त्री से गरम करके सेनिटाइज़ करना-

रूपयों को लेन -देन  पश्चात् इस्त्री (प्रेस ) से गरम करके रूपयों को संक्रमण मुक्त करना एक अच्छा तरीका हो सकता है. हर रूपयों के लेन – देन के पश्चात रूपयों को इस्त्री करने को नियमित रूप से  पालन करना होगा.

डिजिटल भुगतान ऐप का प्रयोग करना –

रूपयों के लेन -देन में कोरोना संक्रमण की सम्भावना बहुत ज्यादा है. इस और अक्सर किसी का भी ध्यान नहीं जाता है. चूँकि करेंसी, रूपयों को सेनिटाइज  करना इतना आसान नहीं है, इसलिए यह अच्छा होगा कि हम लेन -देन के लिए डिजिटल भुगतान के माध्यमों का ज्यादा से ज्यादा उपयोग करें. सरकारें भी डिजिटल लेन -देन को प्रोत्साहित कर रही है.

स्वास्थ्य  सुविधाओं पर अधिक जोर –

कोरोना के इस महामारी को देखते हुए हमें भविष्य में इस तरह के किसी भी स्वास्थ्यगत आपातकाल के लिए पहले से तैयार होना चाहिए. स्वस्थ्य सुविधाओं के लिए और भी नए नए विकास कार्य किये जाने चाहिए.

घर पर काम करने का ट्रेंड –

कोरोना के कारण आगे आने वाले दिनों में घर पर काम करने का ट्रेंड बढ़ सकता है. अगर यह संभव हो कि हम अपने घर से ही अपने काम, व्यवसाय, नौकरी कर सकें तो, यह कोरोना को देखते हुए बहुत ही  उचित होगा.

साफ़-सफाई पर अधिक ध्यान देना –

कोरोना के मद्देनजर, हमें अब और अधिक साफ़- सफाई पर ध्यान देना होगा. खुद की, घर और अपने आसपास के वातावरण की साफ़ सफाई को नजरअंदाज नहीं करते हुए खुद ही साफ सफाई के लिए आगे आना होगा. घरों में खिड़की दरवाजों की कुण्डी, अलमारी की कुण्डी, स्विच बोर्ड आदि की साफ़ सफाई नियमित करनी होगी. बाज़ार से सब्जियां लाने के बाद उसे गरम पानी में नमक डालकर धोने की आदत को नियमित रूप से अपनाना होगा.

पब्लिक ट्रांसपोर्ट  का उपयोग न करना –

यदि संभव हो तो पब्लिक ट्रांसपोर्ट का उपयोग न करें और अपने लिए किसी प्राइवेट साधन की व्यवस्था कर लें क्योंकि पब्लिक ट्रांसपोर्ट से कोरोना के संक्रमण की  बहुत ज्यादा संभावना है.

बाहरी खाद्य पदार्थों को कहें ना –

वर्तमान परिदृश्य को देखते हुए हमें होटलों के खाने, स्ट्रीट फ़ूड आदि को खाने से बचना होगा क्योंकि ऐसे खाद्य पदार्थों को खाने से  संक्रमण का डर बना रहेगा. इसके लिए अच्छा यह होगा की कोशिश यह किया जाए कि जो भी व्यंजन खाने का मन हो उसे घर में बनाया जाए और परिवार के साथ खाया जाए.

निष्कर्ष –

वर्तमान परिदृश्य को देखते हुए यह आवश्यक है कि हमें कोरोना से बचने के समुचित उपाय के साथ ही अपने व्यापार व्यवसाय को सरकार द्वारा  जारी दिशा निर्देशों के साथ ही आगे बढ़ाना होगा.  सावधान रहें, खुद का ध्यान रखें, अपने परिवार का ध्यान रखें. जरूरतमंदों की यथासंभव सहायता करें. सरकार द्वारा समय-समय पर जारी दिशा निर्देशों का कड़ाई से पालन करें और दूसरों को भी पालन करने के लिए प्रोत्साहित करें. डरें नहीं, अफवाह नहीं फैलाये और कोरोना से लड़ने में कोरोना के योद्धाओं का सहयोग करें. खुद सकारात्मक रहें और दूसरों को भी सकारात्मक रहने में सहयोग करें. स्वस्थ रहें, खुश रहें.
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